Home Local News Assam Scooty पर Scratch आने पर गरीब सब्ज़ीवाले की हत्या का आरोपी फैजुल गिरफ्त में बाकियों की छानबीन जारी

Scooty पर Scratch आने पर गरीब सब्ज़ीवाले की हत्या का आरोपी फैजुल गिरफ्त में बाकियों की छानबीन जारी

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Scooty पर Scratch आने पर गरीब सब्ज़ीवाले की हत्या का आरोपी फैजुल गिरफ्त में बाकियों की छानबीन जारी

लॉक डाउन की इस मुश्किल घडी में सनातन डेका साइकिल पर सब्जी बेचने निकला था जिससे उसे घर का दाना पानी चल सके | परंतु इस दौरान एक स्कूटी से उसकी साइकिल टकरा गयी और एक छोटा सा स्क्रैच आ गया | परंतु जो युवक स्कूटी पर सवार थे उन्हें स्क्रैच देखकर ऐसा क्रोध आया कि उन्होंने सनातन को पीटकर मौत के घाट उतार दिया | यह ही नहीं उन युवकों ने अपने साथियों को भी बुला लिया | पुलिस ने भी कार्यवाही करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्त में लिया जिनका नाम युसूफउद्दीन अहमद और फैजुल हक है |

दिगंता गोस्वामी (सामाजिक कार्यकर्ता) से सूचना प्राप्त हुई कि सनातन पेशे से एक श्रमिक था और वह ग्राम तेतेलिया (असम) का निवासी था | परंतु लॉक डाउन के चलते सारे काम बंद थे और उसका गुज़ारा करना मुश्किल हो गया था इसलिए घर में उगाई हुई सब्जियों को बेचने का निर्णय उसके द्वारा लिया गया | परंतु वह जब मुस्लिम आबादी वाले क्षेत्र में पहुंचा तब उसके साथ यह घटना घटित हो गयी | उसके पैन कार्ड के मुताबिक उसकी उम्र 37 साल थी | दिगंता इस मामले पर काफी नाराज़ हैं और उन्होंने यह सवाल किया कि अगर एक ग़रीब और मजबूर व्यक्ति से ऐसी कोई गलती हो जाये तो क्या उसे मौत के घाट उतारना चाहिए ?

उनका परिवार उनकी मौत के बाद बिलकुल अकेला हो गया है क्योकि सनातन डेका के अलावा कोई कमाने वाला घर में था नहीं | उनकी पत्नी को सर्वप्रथम जब सूचना दी गयी थी तब उन्हें सनातन के एक्सीडेंट के बारे में बताया गया था | परंतु जब उनका परिवार हाजो हॉस्पिटल गया तब उन्होंने सनातन की बॉडी पर गंभीर चोटें देखी और उसके नाम एवं मुंह से रक्त बह रहा था | इन सब को देखने के बाद यह तो साफ़ हो गया कि यह एक्सीडेंट तो नहीं है | सनातन की हालत काफी गंभीर थी जिसके चलते हाजो से उन्हें GNRC भेजा गया और वहां पहुँचने पर उनकी मृत्य की पुष्टि कर दी गयी |

सुमन हरिप्रिया (विधायक बीजेपी, हाजो) पीड़ित परिवार से मिले और उनका हाल चाल लिया | उसके बाद उन्होंने कहा कि रोज़े के दौरान हत्या जैसे कृत्य आखिर कैसे हो सकते हैं | उन्होंने कहा ऐसा नहीं है सनातन बेरोजगार था पर कोरोना के समय में उसका वेतन नहीं आया था इसलिए वह ताज़ी उगाई सब्जियां बेचने निकला था | सुमन हरिप्रिया ने आरोपियों को जल्द गिरफ्त में लेने के लिए पुलिस की सराहना की एवं एक अन्य कांग्रेसी युवक ने भी इस घटना के ज़रिये साम्प्रदायिकता ना फ़ैलाने का आग्रह किया |

इस मामले से जुड़े हुए कुछ वीडियोस भी सामने आये हैं जहाँ पर आरोपियों को स्कूटी से भागते हुए देखा जा सकता है और विडियो में सनातन को घायल अवस्था में भी देखा जा सकता है | घटना के वक़्त मौजूद कुछ लोगों के अनुसार वह उसी समय मृत्यु को प्राप्त हो गया था | वही दूसरी ओर अपस्ताल में मृत्यु की बात हो रही है | पुलिस द्वारा पोस्टमार्टम करवाया जा चुका है पर अभी इसकी रिपोर्ट का खुलासा नहीं हुआ है |

ऐसी स्थिति में सनातन का पूरा परिवार एकदम अकेला हो गया है और उनके बच्चे भी नहीं थे | बस उनके माता पिता बीवी और भाई है जिनकी पूरी मदद भास्कर ज्योति दास जैसे सज्जन कर रहे हैं पर फिर भी इन्साफ तो मिलना ही चाहिए |